चारधाम यात्रा के लिए हेलीकॉप्टर सेवा बुक कराने का झांसा देकर साइबर ठगों ने हैदराबाद के एक 60 वर्षीय डॉक्टर से ₹3 लाख से अधिक की ठगी कर ली। ठगों ने सोशल मीडिया पर फर्जी विज्ञापन के माध्यम से खुद को वैध हेलीकॉप्टर सेवा प्रदाता का प्रतिनिधि बताकर डॉक्टर को विश्वास में लिया और नकली टिकट, होटल बुकिंग तथा वीवीआईपी दर्शन की पुष्टि भेजकर रकम ऐंठ ली। मामले में साइबर क्राइम पुलिस ने शिकायत दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, अत्तापुर निवासी डॉक्टर अपने परिवार के साथ चारधाम यात्रा की योजना बना रहे थे। इसी दौरान उन्हें इंस्टाग्राम पर चारधाम यात्रा के लिए हेलीकॉप्टर सेवा का एक आकर्षक विज्ञापन दिखाई दिया। विज्ञापन में दिए गए मोबाइल नंबर पर संपर्क करने पर कॉल रिसीव करने वाले व्यक्ति ने स्वयं को हिमालयन हेली सर्विसेज का प्रतिनिधि बताया।
आरोपी ने छह लोगों के लिए तीन रात और चार दिन का हेलीकॉप्टर टूर पैकेज ₹3.58 लाख में उपलब्ध कराने का प्रस्ताव दिया। पैकेज और बातचीत को वास्तविक मानते हुए डॉक्टर ने पांच अलग-अलग किस्तों में ₹3 लाख से अधिक की राशि बताए गए बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी।
विश्वास कायम रखने के लिए ठग ने ईमेल के माध्यम से कथित हेलीकॉप्टर टिकट, होटल आरक्षण की रसीदें और वीवीआईपी दर्शन की पुष्टि से जुड़े दस्तावेज भी भेज दिए। इन दस्तावेजों को देखकर डॉक्टर को किसी प्रकार का संदेह नहीं हुआ और उन्होंने यात्रा की तैयारियां शुरू कर दीं।
हालांकि यात्रा की निर्धारित तिथि से पहले जब डॉक्टर ने संबंधित होटल और हेलीकॉप्टर सेवा प्रदाता से सीधे संपर्क कर अपनी बुकिंग की पुष्टि करनी चाही, तब उन्हें पता चला कि उनके नाम से कोई बुकिंग दर्ज ही नहीं है। जांच में यह भी सामने आया कि भेजे गए सभी टिकट और बुकिंग दस्तावेज फर्जी थे। इसके बाद उन्हें अपने साथ हुई साइबर ठगी का एहसास हुआ और उन्होंने हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस से संपर्क किया।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, ईमेल आईडी और डिजिटल भुगतान के रिकॉर्ड की जांच शुरू कर दी है। साथ ही सोशल मीडिया पर इस्तेमाल किए गए विज्ञापन और उससे जुड़े डिजिटल साक्ष्यों का भी विश्लेषण किया जा रहा है, ताकि आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जा सके।
प्रख्यात साइबर अपराध विशेषज्ञ एवं पूर्व आईपीएस अधिकारी प्रो. त्रिवेणी सिंह ने कहा कि धार्मिक यात्राओं, पर्यटन पैकेज और हेलीकॉप्टर बुकिंग जैसे विषयों को साइबर अपराधी लगातार निशाना बना रहे हैं क्योंकि लोग यात्रा की जल्दबाजी में पर्याप्त सत्यापन नहीं कर पाते। उन्होंने सलाह दी कि किसी भी यात्रा पैकेज या हेलीकॉप्टर सेवा की बुकिंग केवल आधिकारिक वेबसाइट या अधिकृत एजेंसी के माध्यम से ही करें। सोशल मीडिया विज्ञापनों, व्हाट्सऐप संदेशों या अनजान नंबरों के आधार पर अग्रिम भुगतान करने से पहले कंपनी की प्रामाणिकता, बुकिंग पोर्टल और भुगतान विवरण की स्वतंत्र रूप से पुष्टि करना आवश्यक है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि कोई सेवा प्रदाता अत्यधिक आकर्षक ऑफर दे, तत्काल भुगतान का दबाव बनाए या केवल निजी बैंक खाते में राशि जमा कराने को कहे, तो इसे संभावित साइबर धोखाधड़ी का संकेत मानना चाहिए। समय रहते सत्यापन करने से इस प्रकार की वित्तीय ठगी से बचा जा सकता है।
