महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) 2026 पेपर लीक मामले की जांच में बड़ा खुलासा होने का दावा किया गया है। विशेष जांच दल (SIT) के अनुसार, गोपनीय प्रश्नपत्र कथित तौर पर उत्तर प्रदेश के आगरा स्थित एक निजी प्रिंटिंग प्रेस से लीक किए गए थे। मामले में महाराष्ट्र पुलिस की एसआईटी ने बिहार पुलिस के सहयोग से कथित मास्टरमाइंड बिजेंद्र गुप्ता की पत्नी सुमन गुप्ता को गिरफ्तार किया है। पुलिस का दावा है कि वह कथित पेपर लीक नेटवर्क और उससे जुड़े वित्तीय लेनदेन की जानकारी रखती थी।
जांच एजेंसियों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि कथित पेपर लीक रैकेट के जरिए करोड़ों रुपये अर्जित किए गए। पुलिस को संदेह है कि इस धन से दिल्ली में एक फ्लैट और पटना में एक मकान समेत अन्य संपत्तियां खरीदी गईं। अब जांचकर्ता यह पता लगाने में जुटे हैं कि नियमित आय का कोई ज्ञात स्रोत न होने के बावजूद इतनी संपत्ति कैसे अर्जित की गई। जांच इस पहलू पर भी केंद्रित है कि क्या इन संपत्तियों की खरीद कथित पेपर लीक नेटवर्क से प्राप्त धन से की गई थी।
इससे पहले मामले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने ठाणे जिले के कोंगांव क्षेत्र में ट्रैप ऑपरेशन के दौरान प्रश्नपत्रों के चार सेट बरामद किए थे। गिरफ्तार आरोपियों में एक हरियाणा और दो बिहार के निवासी बताए गए हैं। पूछताछ के दौरान उन्होंने कथित तौर पर बिजेंद्र गुप्ता को पूरे नेटवर्क का मास्टरमाइंड बताया।
पुलिस के अनुसार, बिजेंद्र गुप्ता फिलहाल फरार है। वह मूल रूप से बिहार के समस्तीपुर जिले के विद्यापतिनगर थाना क्षेत्र के शेरपुर गांव का रहने वाला है। जांचकर्ताओं का दावा है कि प्रश्नपत्र दिल्ली के रास्ते लाए गए थे और कथित तौर पर लीक प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने के बदले लगभग ₹1.5 करोड़ की मांग की गई थी।
जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि कथित नेटवर्क में प्रिंटिंग, परिवहन, वितरण और वित्तीय लेनदेन से जुड़े अन्य लोग कौन-कौन थे। बरामद डिजिटल और दस्तावेजी साक्ष्यों का विश्लेषण किया जा रहा है ताकि पूरे नेटवर्क की संरचना और संभावित लाभार्थियों की पहचान की जा सके।
पुलिस का यह भी दावा है कि बिजेंद्र गुप्ता का नाम पहले भी कई कथित परीक्षा पेपर लीक मामलों से जुड़ चुका है। जांच एजेंसियों के अनुसार, उस पर वर्ष 2023 की ओडिशा कर्मचारी चयन आयोग (OSSC), बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) और मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) की परीक्षाओं से जुड़े कथित पेपर लीक मामलों में भी संलिप्तता के आरोप रहे हैं। हालांकि इन मामलों में उसकी आपराधिक जिम्मेदारी का अंतिम निर्धारण संबंधित न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।
इस बीच, बिजेंद्र गुप्ता के पिता बलेश्वर साह ने मीडिया से कहा कि उनका अपने बेटे से कई वर्षों से कोई संपर्क नहीं है। उनके अनुसार, प्राथमिक शिक्षा पूरी करने के बाद वह गांव छोड़कर बेगूसराय चला गया था और उसके बाद परिवार से उसका संपर्क टूट गया।
महाराष्ट्र TET 2026 परीक्षा को पेपर लीक की आशंका के चलते परीक्षा से एक दिन पहले स्थगित कर दिया गया था। मामले की जांच एसआईटी द्वारा जारी है और पुलिस फरार मुख्य आरोपी समेत अन्य संदिग्धों की तलाश में विभिन्न राज्यों में छापेमारी कर रही है। आरोपों का अंतिम सत्यापन जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगा।
