कानपुर-उन्नाव में SGST और आयकर विभाग की कार्रवाई के दौरान डिफेंस सप्लायर के कार्यालय से करीब ₹2.5 करोड़ नकद बरामद हुए हैं।

कानपुर-उन्नाव में छापों से मचा हड़कंप, डिफेंस सप्लायर के दफ्तर से ₹2.5 करोड़ कैश बरामद

Team The420
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कानपुर: कानपुर और उन्नाव में बुधवार को तीन सरकारी एजेंसियों की अलग-अलग कार्रवाई से कारोबारी हलकों में हलचल मच गई। राज्य वस्तु एवं सेवा कर (SGST) विभाग ने डिफेंस क्षेत्र में सामान की आपूर्ति करने वाली एक फर्म के शुक्लागंज स्थित कार्यालय और उन्नाव की फैक्ट्री पर एक साथ छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान कार्यालय से करीब ₹2.5 करोड़ नकद बरामद होने की जानकारी सामने आई। रकम के स्रोत और संभावित इस्तेमाल की जांच के लिए आयकर विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। वहीं, शुक्लागंज में लखनऊ की एंटी नारकोटिक्स टीम ने एक फार्मा कंपनी की जांच की, जबकि कानपुर में आयकर विभाग ने शराब कारोबारी से जुड़े सात ठिकानों पर सर्वे किया।

डिफेंस सप्लायर के कार्यालय और फैक्ट्री पर SGST की छापेमारी

SGST की चार टीमों ने शुक्लागंज स्थित डिफेंस सप्लायर के कार्यालय और उन्नाव के मगरवारा चौकी क्षेत्र के दयालखेड़ा गांव स्थित फैक्ट्री पर एक साथ कार्रवाई की। अधिकारियों ने खरीद-बिक्री के बिल, ई-वे बिल, जीएसटी रिटर्न, स्टॉक रजिस्टर, बैंकिंग रिकॉर्ड और अन्य कारोबारी दस्तावेजों की जांच शुरू की।

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संबंधित फर्म डिफेंस क्षेत्र में कुकर, स्टोव और लोहे से बने विभिन्न सामान की आपूर्ति करने वाली बताई जा रही है। प्रारंभिक जांच में अधिकारियों को कथित तौर पर बोगस कारोबार और संदिग्ध वित्तीय लेनदेन से जुड़े संकेत मिले हैं।

विभाग यह पता लगाने में जुटा है कि फर्म ने वास्तविक कारोबार की तुलना में कागजों पर खरीद और बिक्री का दायरा अधिक दिखाकर अपनी कर देनदारी को प्रभावित तो नहीं किया। इसके लिए फर्म के रिकॉर्ड का उसके सप्लायर और खरीदारों से जुड़े दस्तावेजों के साथ मिलान किया जा रहा है।

₹2.5 करोड़ नकदी बनी जांच का अहम बिंदु

शुक्लागंज कार्यालय से करीब ₹2.5 करोड़ नकद मिलने की सूचना के बाद जांच का दायरा और बढ़ गया। अधिकारी अब यह पता लगाने में जुटे हैं कि इतनी बड़ी रकम का स्रोत क्या है, कार्यालय में इसे रखने का उद्देश्य क्या था और इसका संबंध फर्म के घोषित कारोबार से है या नहीं।

नकदी से जुड़े वित्तीय पहलुओं की जांच के लिए आयकर विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। जांचकर्ता बरामद रकम का फर्म की लेखा पुस्तकों, बैंक खातों, टैक्स रिकॉर्ड और अन्य वित्तीय दस्तावेजों से मिलान कर सकते हैं।

अब यह स्पष्ट होना बाकी है कि बरामद नकदी वैध कारोबारी लेनदेन से जुड़ी है या इसके संबंध में कोई अन्य वित्तीय अनियमितता सामने आती है।

उन्नाव फैक्ट्री में स्टॉक का भौतिक सत्यापन

उन्नाव के दयालखेड़ा स्थित फैक्ट्री में SGST की टीम ने देर रात तक जांच की। अधिकारियों ने वहां मौजूद स्टॉक का भौतिक सत्यापन किया और उसे कंपनी के रिकॉर्ड में दर्ज मात्रा से मिलाया।

टीम ने खरीद, उत्पादन, मांग, सप्लाई और डिस्पैच से जुड़े दस्तावेज भी खंगाले। जांच का एक प्रमुख हिस्सा यह पता लगाना है कि रिकॉर्ड में दर्ज माल और फैक्ट्री में मौजूद वास्तविक स्टॉक में कोई अंतर तो नहीं है।

विभाग सप्लायर और खरीदारों के रिकॉर्ड से भी लेनदेन का मिलान कर सकता है। स्टॉक, बिल और ई-वे बिल में किसी तरह की विसंगति मिलने पर उसे जांच में शामिल किया जाएगा।

शुक्लागंज में एंटी नारकोटिक्स टीम की कार्रवाई

इसी दौरान लखनऊ की आठ सदस्यीय एंटी नारकोटिक्स टीम ने शुक्लागंज के नेहरूनगर क्षेत्र स्थित एक फार्मा कंपनी में जांच की। टीम ने कंपनी के स्टॉक रजिस्टर और अन्य कारोबारी अभिलेखों की पड़ताल की।

कार्रवाई के दौरान विजयावटी, मुनक्का समेत कई आयुर्वेदिक उत्पादों के नमूने लिए गए। इन नमूनों को प्रयोगशाला जांच के लिए भेजा जाएगा। लैब रिपोर्ट के आधार पर उत्पादों की गुणवत्ता, संरचना और नियामकीय मानकों के अनुपालन की स्थिति स्पष्ट होगी।

टीम ने कंपनी के स्टॉक का भी रिकॉर्ड से मिलान किया। आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट और प्रयोगशाला परिणामों के आधार पर की जाएगी।

शराब कारोबारी के सात ठिकानों पर आयकर सर्वे

कानपुर में आयकर विभाग ने शराब कारोबारी से जुड़े सात ठिकानों पर भी एक साथ सर्वे किया। करीब 70 अधिकारियों की टीम ने वित्तीय दस्तावेज, कारोबारी रिकॉर्ड और अन्य कागजात की जांच की। कार्रवाई देर रात तक जारी रही।

सूत्रों के अनुसार, सर्वे में संभावित टैक्स हेराफेरी और कथित बेनामी खरीद-फरोख्त से जुड़े पहलुओं की जांच की जा रही है। इसके अलावा विदेश स्थित कंपनियों में कारोबारी साझेदारी और उनसे जुड़े वित्तीय लेनदेन को भी जांच के दायरे में रखा गया है।

आयकर अधिकारी खरीद-बिक्री, निवेश, बैंकिंग गतिविधियों और कारोबारी खातों की जानकारी का मिलान कर रहे हैं।

जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट होगी तस्वीर

तीनों कार्रवाई अलग-अलग मामलों से जुड़ी हैं, लेकिन एजेंसियां दस्तावेजों और वित्तीय साक्ष्यों की विस्तृत जांच कर रही हैं। SGST डिफेंस सप्लायर के कारोबार, स्टॉक, टैक्स रिकॉर्ड और बरामद नकदी के स्रोत की पड़ताल कर रहा है। एंटी नारकोटिक्स टीम फार्मा कंपनी से लिए गए नमूनों की लैब रिपोर्ट के आधार पर आगे बढ़ेगी, जबकि आयकर विभाग शराब कारोबारी के वित्तीय लेनदेन और संभावित कर अनियमितताओं की जांच कर रहा है।

फिलहाल किसी भी मामले में अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। एजेंसियां बैंक रिकॉर्ड, स्टॉक, बिल, टैक्स दस्तावेज और अन्य साक्ष्यों का मिलान कर रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि मामलों में कर चोरी, बोगस कारोबार, बेनामी लेनदेन या अन्य वित्तीय अनियमितता हुई है या नहीं।

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