नई दिल्ली। फ्रांस में अधिकारियों ने क्रिप्टो परियोजना Verasity से जुड़े संस्थापकों के खिलाफ कथित धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में औपचारिक जांच शुरू की है। मामले में Svetlana A. को हिरासत में लेकर संगठित धोखाधड़ी, कर धोखाधड़ी, मनी लॉन्ड्रिंग और आपराधिक गिरोह से जुड़े होने के आरोपों की जांच की जा रही है। जांच एजेंसियों को संदेह है कि Verasity के मूल टोकन VRA की कीमत में कथित हेरफेर कर निवेशकों को गुमराह किया गया और इससे हासिल रकम का एक हिस्सा दुबई में लग्जरी रियल एस्टेट खरीदने में इस्तेमाल किया गया।
जांच का दायरा Svetlana A. और उनके पति Robert H. के बीच कथित वित्तीय संबंधों तथा VRA टोकन से जुड़े लेनदेन तक फैला हुआ है। Robert H. को Verasity का संस्थापक बताया गया है। फ्रांसीसी जांचकर्ताओं को आशंका है कि टोकन की कीमत को प्रभावित करने वाली गतिविधियों के जरिए निवेशकों को कथित तौर पर ऐसे समय पर खरीदारी के लिए प्रेरित किया गया, जब VRA का बाजार मूल्य तेजी से बढ़ रहा था।
मामले में वर्ष 2021 की शुरुआत का घटनाक्रम जांच का अहम हिस्सा है। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, उस दौरान VRA की कीमत में करीब 65 गुना तक उछाल आया था। इसके बाद टोकन की कीमत में तेज गिरावट दर्ज हुई। जांचकर्ता इस असाधारण तेजी और बाद की गिरावट के बीच संभावित संबंधों की पड़ताल कर रहे हैं। उनका मुख्य फोकस यह पता लगाने पर है कि कीमत में बदलाव सामान्य बाजार गतिविधियों का परिणाम था या इसके पीछे किसी तरह की योजनाबद्ध हेरफेर की भूमिका थी।
फ्रांसीसी अधिकारियों की जांच केवल क्रिप्टो बाजार में कथित गतिविधियों तक सीमित नहीं है। जांचकर्ता उन पैसों के स्रोत का भी पता लगा रहे हैं, जिनका इस्तेमाल कथित तौर पर दुबई में महंगी संपत्तियां खरीदने के लिए किया गया। अधिकारियों को संदेह है कि VRA से जुड़ी कथित गतिविधियों से हासिल धन को अलग-अलग वित्तीय लेनदेन के जरिए रियल एस्टेट निवेश में लगाया गया हो सकता है।
Proposal for Conducting Cyber Crisis Drill, Tabletop Exercise (TTEx) & CCMP Readiness Exercise
हालांकि, Svetlana A. ने किसी भी तरह की गलत गतिविधि में शामिल होने से इनकार किया है। उनका कहना है कि दुबई में संपत्तियों की खरीद के लिए इस्तेमाल किए गए धन के स्रोत वैध थे। उनका पक्ष इस बात पर केंद्रित है कि संपत्ति खरीद के लिए इस्तेमाल की गई रकम को अवैध क्रिप्टो गतिविधियों से जोड़ना उचित नहीं है। जांच एजेंसियां अब वित्तीय रिकॉर्ड और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर इन दावों की भी जांच कर रही हैं।
मामले में जांच अभी जारी है और आरोपों पर अंतिम न्यायिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है। फ्रांसीसी अधिकारी कथित टोकन हेरफेर, निवेशकों से संबंधित धोखाधड़ी, कर संबंधी अनियमितताओं और धन के संभावित शोधन के बीच कड़ियों की पड़ताल कर रहे हैं। साथ ही, दुबई में खरीदी गई संपत्तियों और उनसे जुड़े भुगतान की वित्तीय श्रृंखला को भी जांच के दायरे में रखा गया है।
क्रिप्टो बाजार में टोकन की कीमतों में अचानक और असाधारण उतार-चढ़ाव लंबे समय से नियामकीय जांच का विषय रहे हैं। किसी डिजिटल टोकन की कीमत में हेरफेर के आरोपों की जांच में आमतौर पर लेनदेन का समय, संबंधित वॉलेट, फंड का प्रवाह और बाजार में खरीद-बिक्री की गतिविधियों को देखा जाता है। Verasity मामले में भी जांचकर्ताओं का ध्यान इसी तरह के वित्तीय और डिजिटल साक्ष्यों पर है।
मामले की जांच के दौरान VRA टोकन का बाजार कारोबार भी जारी है। 27 सितंबर 2026 को उपलब्ध बाजार आंकड़ों के अनुसार, VRA की कीमत करीब Rp0.375 थी और पिछले 24 घंटे में इसमें 1.45 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इसका बाजार पूंजीकरण करीब Rp37.13 million और 24 घंटे का कारोबार करीब Rp13.93 million बताया गया। ये बाजार आंकड़े जांच में लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं करते और क्रिप्टो संपत्तियों की कीमतों में बदलाव कई बाजार कारकों से प्रभावित हो सकता है।
