करनाल: हरियाणा के करनाल में राष्ट्रमंडल खेलों के स्वर्ण पदक विजेता निशानेबाज अनिश भानवाला के परिवार के पते पर चार मुस्लिम मतदाताओं के नाम दर्ज होने का मामला सामने आया है। यह खुलासा मतदाता सूची के Special Intensive Revision (SIR) के दौरान हुआ। परिवार का दावा है कि जांच के दौरान चारों व्यक्तियों के वोट उनके सेक्टर-6 स्थित मकान के पते पर दर्ज मिले। इनमें से दो लोगों के आधार कार्ड में भी यही पता दर्ज पाया गया।
मामले को लेकर अनिश के पिता और अधिवक्ता जगपाल भानवाला ने सेक्टर-32 थाने में शिकायत दी है। परिवार ने आशंका जताई है कि उनके पते और उससे जुड़े दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल किया जा सकता है। परिवार का कहना है कि अनिश अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी हैं, इसलिए उनके घर के पते पर अनजान लोगों के मतदाता और पहचान दस्तावेज दर्ज होना गंभीर विषय है।
2010 में बिजली निगम अधिकारी से खरीदा था मकान
जगपाल के मुताबिक, उनका मूल निवास सोनीपत के कासांहड़ी गांव में है, लेकिन वर्तमान में वह परिवार के साथ करनाल के सेक्टर-6 स्थित मकान नंबर 659 में रहते हैं। परिवार में उनकी पत्नी पूनम, बेटा अनिश और बेटी मुस्कान भी रहती हैं।
उन्होंने बताया कि यह मकान वर्ष 2010 में सुरेंद्र मोहन से खरीदा गया था, जो बिजली निगम में अधिकारी रह चुके हैं। परिवार का दावा है कि मकान खरीदने के बाद से यहां कभी कोई मुस्लिम परिवार नहीं रहा। सुरेंद्र मोहन का परिवार फिलहाल करन विहार स्थित अपने पैतृक मकान में रहता है।
SIR के दौरान मतदाता सूची में सामने आए नाम
इन दिनों चल रहे SIR अभियान के तहत नई मतदाता सूची जारी की गई है, जिसमें मतदाता अपने नाम और पते की जानकारी की जांच कर आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। इसी दौरान जगपाल ने एक परिचित से मिली मतदाता सूची में अपने मकान के पते की जांच की।
जांच के दौरान मकान नंबर 659 के पते पर चार लोगों के नाम दर्ज मिले। इनमें सैफ अली बेग, पिता शाहनूर बेग, शाहनूर बेग, पिता आमिर उद्दीन बेग, अयान अली बेग, पिता शाहनूर बेग और हाशमिन बेग, पिता शाहनूर बेग के नाम शामिल हैं।
परिवार का कहना है कि इन चारों में से किसी का भी उनके मकान में रहना सामने नहीं आया है। इसी वजह से मतदाता सूची में उनके पते के इस्तेमाल को लेकर सवाल उठाए गए हैं।
दो आधार कार्ड में भी यही पता मिला
मतदाता सूची में नाम सामने आने के बाद जगपाल ने मामले की जानकारी संबंधित Booth Level Officer (BLO) से ली। परिवार के अनुसार, चारों व्यक्तियों से जुड़े आधार दस्तावेजों की जानकारी मांगे जाने पर शाहनूर बेग और अयान अली बेग के आधार कार्ड में भी मकान नंबर 659 का पता दर्ज मिला।
अब परिवार यह जानना चाहता है कि इन लोगों ने किस आधार पर मकान का पता उपलब्ध कराया और उनके पहचान दस्तावेजों में यह पता किस प्रक्रिया के तहत दर्ज हुआ। शिकायत में दस्तावेज तैयार करने और सत्यापन की प्रक्रिया की भी जांच की मांग की गई है।
परिवार ने पूछा—वोट किसने बनाए, सत्यापन किसने किया?
जगपाल ने कहा कि जांच केवल उन चार लोगों की पहचान तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। यह भी पता लगाया जाना चाहिए कि वे वर्तमान में कहां रहते हैं, उन्होंने मकान नंबर 659 का पता क्यों दिया और मतदाता सूची में उनके नाम दर्ज करने से पहले किस स्तर पर सत्यापन किया गया।
परिवार ने यह भी सवाल उठाया है कि संबंधित आधार कार्ड किस प्रक्रिया से बनाए गए और उनके पते का सत्यापन किसने किया। उनका कहना है कि मतदाता सूची में नाम दर्ज करने की प्रक्रिया में शामिल अधिकारियों या कर्मचारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में आनी चाहिए।
पुलिस ने शिकायत लेकर जांच शुरू की
सेक्टर-32 थाना पुलिस के अनुसार, मामले में शनिवार शाम शिकायत प्राप्त हुई है। पुलिस अब शिकायत में बताए गए चारों लोगों की जानकारी के संबंध में निर्वाचन आयोग और संबंधित BLO से संपर्क करेगी। दस्तावेजों और मतदाता सूची में दर्ज जानकारी का सत्यापन करने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि चारों व्यक्तियों के नाम मतदाता सूची में कब और किस प्रक्रिया के तहत दर्ज हुए। पुलिस और निर्वाचन अधिकारियों की जांच के बाद ही यह सामने आएगा कि पते के इस्तेमाल में कोई अनियमितता या दस्तावेजी गड़बड़ी हुई है या नहीं। परिवार ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और अपने पते से जुड़े दस्तावेजों के संभावित दुरुपयोग को रोकने की मांग की है।
