हनुमाकोंडा, हैदराबाद | तेलंगाना में भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान को तेज करते हुए एंटी-करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बुधवार को हनुमाकोंडा में पदस्थ डिप्टी कलेक्टर वेंकट रेड्डी और उनके परिजनों से जुड़े कई ठिकानों पर एक साथ व्यापक छापेमारी की। इस कार्रवाई में बड़ी मात्रा में नकदी, आभूषण और अचल संपत्तियों से जुड़े दस्तावेज सामने आए हैं। प्रारंभिक जांच में अब तक करीब ₹8.30 करोड़ की कथित आय से अधिक संपत्ति की पहचान किए जाने का दावा किया गया है।
ACB अधिकारियों के अनुसार, यह छापेमारी राज्य के विभिन्न हिस्सों में एक साथ की गई। एजेंसी ने आठ विशेष टीमों का गठन कर हनुमाकोंडा और हैदराबाद के रॉक टाउन कॉलोनी सहित कई स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान लगभग ₹30 लाख नकद, कीमती आभूषण और अन्य संदिग्ध सामग्री जब्त की गई।
रिश्वतखोरी केस से DA जांच तक
ACB सूत्रों ने बताया कि यह कार्रवाई उस आय से अधिक संपत्ति (Disproportionate Assets) मामले से जुड़ी है, जिसकी जड़ें एक पुराने रिश्वतखोरी केस में हैं। वेंकट रेड्डी को 6 दिसंबर को उस समय गिरफ्तार किया गया था, जब वे इन-चार्ज जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) के रूप में कार्यरत थे और एक निजी स्कूल को अनुमति देने के बदले ₹1 लाख की रिश्वत मांगने के आरोप में रंगे हाथों पकड़े गए थे।
इस गिरफ्तारी के बाद राज्य सरकार ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था। इसके पश्चात शुरू हुई विस्तृत जांच में उनके वित्तीय लेन-देन, निवेश और संपत्तियों में कथित अनियमितताओं के संकेत मिले, जिसके आधार पर बुधवार को बड़े पैमाने पर छापेमारी की गई।
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2008 से आय से अधिक संपत्ति के आरोप
ACB का कहना है कि वेंकट रेड्डी पर 2008 से लगातार आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के गंभीर आरोप हैं। इसके अलावा, वर्ष 2016 और 2017 के दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं से जुड़ी योजनाओं में कथित गड़बड़ियों की भी जांच की जा रही है। आरोप है कि इस अवधि में किसानों के लिए निर्धारित मुआवज़े के वितरण में अनियमितताओं के जरिए अवैध लाभ अर्जित किया गया।
करोड़ों की अचल संपत्ति जांच के घेरे में
छापेमारी के दौरान जिन संपत्तियों की जानकारी सामने आई है, उनमें मंचिरेवुला क्षेत्र में लगभग ₹6 करोड़ मूल्य का एक विला, भोंगिर में एक फार्महाउस और सरूरनगर में एक आवासीय मकान शामिल हैं। ACB को इन संपत्तियों से जुड़े रजिस्ट्रेशन दस्तावेज, निवेश से संबंधित कागजात और बैंक लेन-देन के रिकॉर्ड भी मिले हैं, जिनकी बारीकी से जांच की जा रही है।
जांच जारी, और खुलासों की संभावना
ACB अधिकारियों के मुताबिक, बैंक खातों, संपत्ति रजिस्ट्रेशन, निवेश और अन्य वित्तीय दस्तावेजों की गहन पड़ताल की जा रही है। साथ ही यह भी जांच का विषय है कि कथित अवैध संपत्ति अर्जन में किन माध्यमों और व्यक्तियों की भूमिका रही। एजेंसी का संकेत है कि जांच आगे बढ़ने के साथ और संपत्तियों व लेन-देन का खुलासा हो सकता है।
फिलहाल, वेंकट रेड्डी के खिलाफ दर्ज मामलों में कानूनी प्रक्रिया जारी है। ACB ने दोहराया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में शून्य सहनशीलता की नीति के तहत कार्रवाई जारी रहेगी और किसी भी स्तर पर अनियमितता पाए जाने पर सख्त कदम उठाए जाएंगे।
